Meditation kaise karte hai? – यह फायदे है नियमित ध्यान करने से

Meditation kaise karte hai: मनोविज्ञान में Meditation को बहुत ही महत्वपूर्ण बताया गया है और इसके कारण दुनिया में लगभग सभी लोग मेडिटेशन करना काफी पसंद कर रहे हैं। मेडिटेशन से लोगों को काफी फायदा भी हुआ है इसलिए कुछ नए लोग भी Meditation को अपनी दिनचर्या में जोड़ना चाहते है। परंतु शुरुआत में लोग यह नहीं जानते कि मेडिटेशन कैसे करते हैं?

इसलिए आज के इस लेख में हम मेडिटेशन करने के तरीकों के बारे में जानेंगे कि meditation kaise karte hai? साथ ही हम मेडिटेशन के प्रकार और मेडिटेशन करने के फायदे के बारे में भी विस्तारपूर्वक जानेंगे। तो चलिए शुरू करते हैं –

मेडिटेशन क्या है? (What is Meditation?)

meditation kaise karte hai

Meditation का हिंदी अर्थ “ध्यान” होता है। जब हम अपने शरीर को एक जगह स्थिर करके अपने मन, विचार को एक जगह केंद्रित करते हैं, तो यह ध्यान कहलाता है। 

ध्यान एक अभ्यास है, जो कोई भी व्यक्ति अपना ध्यान केंद्रित करने, जागरूकता लाने और मानसिक रूप से शांत और स्थिर होने के लिए करता है। 

Meditation में लोग अपने पैरों को मोड़कर एक स्थान पर बिल्कुल सीधे बैठ जाते हैं और अपने मन के अंदर चल रहे विचारों को देखते रहते हैं। और किसी एक चीज पर ध्यान केंद्रित करने की कोशिश करते हैं। 

मेडिटेशन एक ऐसी दवा है जिससे हर बीमारी का इलाज किया जा सकता है। Meditation को एक तकनीक कहा जा सकता है जिसका उद्देश्य मन को और दिमाग को शांत करना है। यह एक ऐसी तकनीक है जो मनोविज्ञान से संबंधित कई लाभ पहुंचाती है। 

मेडिटेशन कैसे करते हैं? (Meditation kaise karte hai?)

Meditation (ध्यान) करने के कई तरीके हैं। आइए समझते हैं कि मेडिटेशन कैसे करना चाहिए और कितनी देर करना चाहिए? 

  1. शांत वातावरण का चुनाव करें 

ध्यान करने के लिए शांत वातावरण चुनना इसलिए जरूरी है क्योंकि तभी हमारा ध्यान एक जगह पर केंद्रित हो सकता है। यदि हम किसी शोर-शराबे वाले परिवेश में ध्यान करने का प्रयास करेंगे तो हम ध्यान केंद्रित कर पाने में असमर्थ होंगे। 

कोशिश करें कि नदी तालाब या झरने वाले वातावरण का चुनाव करें। क्योंकि ऐसी जगहों पर काफी शांति होती है और हमें केवल पानी की आवाज सुनाई देती है जो हमारे मन को शांत करती हैं। इसके अलावा आप किसी हरी भरी घास या पेड़ के नीचे भी बैठ सकते हैं क्योंकि अक्सर पेड़ के छांव भी हमें शांति प्रदान करते हैं। 

यदि आप ऐसे वातावरण की तलाश नहीं कर पा रहे हैं तो आप अपने मोबाइल में एक शांत और धीमा म्यूजिक भी चला सकते हैं जो कि आपको इंश्योर शराबों से दूर रखेगा और आपको शांति प्रदान करेगा क्योंकि अक्सर जब भी हम स्लो म्यूजिक सुनते हैं तो हमें काफी शांति मिलती है। 

  1. आराम देह कपड़े पहने 

ध्यान करने का उद्देश्य अपने मन को शांत करना और बाहरी कारकों को दूर करना है। ऐसे में यदि आप टाइट कपड़े पहनते हैं तो आपका शरीर और सहज महसूस करेगा। इस तरह आप अपना ध्यान केंद्रित नहीं कर पाएंगे। आप जब भी ध्यान करने बैठे हैं तो ढीले ढाले कपड़े पहने और कपड़े में ऐसी कोई भी चीज ना लगाएं जो आपको असहज महसूस कराती हो। 

  1. आरामदेह मुद्रा में बैठिए

लगभग सभी लोगों द्वारा यह कहा जाता है कि जब भी आप ध्यान करें तो आराम देह मुद्रा में बैठे। आराम देह मुद्रा में बैठने का अर्थ यह नहीं है कि आप बिल्कुल ढीले-ढाले तरीके से बैठे बल्कि आराम देह मुद्रा में बैठने का अर्थ है कि आप बिल्कुल अपने शरीर को सीधा रखें, लेकिन रिलैक्स हो कर बैठे। अपने शरीर को टाइट ना रखें। 

आप चाहे तो जमीन पर पैर मोड़कर बैठ सकते हैं या कुर्सी पर पैर लटका के भी बैठ सकते हैं। आपको जिस भी स्थिति में ध्यान करना सहज लगता है, उसी स्थिति में बैठे।

  1. आंखें बंद करके ध्यान करें

अक्सर जिन लोगों ने अभी-अभी ध्यान करने की शुरुआत की है उनके लिए आंख बंद करके यह अभ्यास करना अच्छा होगा। क्योंकि यदि हम आंखें खुली रखेंगे तो हमें आसपास की कई चीजें दिखाई देंगी जो हमारा ध्यान भटका सकती हैं। 

परंतु यदि आप चाहे तो आंख खोलकर भी ध्यान कर सकते हैं। कई लोगों को आंखें बंद करने पर नींद भी आने लगती है। जब भी आपको नींद आए तो आप तुरंत आंखें खोल ले या उस समय ध्यान में से उठ जाए। 

  1. अपने श्वाशों पर ध्यान केंद्रित करें

यदि आप चाहते हैं कि Meditation करते समय आपके मन में चल रहे विचार आपके ऊपर हावी ना हो और आप शांत एवं स्थिर रह सके तो आप ध्यान करते वक्त अपने श्वाशों को आते जाते हुए देखें।

यानी कि अपने स्वांसों पर focus करें की हम सांस ग्रहण कर रहे हैं और छोड़ रहे हैं। ऐसा हो सकता है कि शुरुआत में आप लंबे समय तक अपने श्वाशों पर ध्यान केंद्रित ना कर पाए पर आपको घबराने की जरूरत नहीं है। रोजाना यह अभ्यास करने से यह आपकी आदत में आ जाएगी।

मेडिटेशन के प्रकार (Types of Meditation)

  1. डीप मेडिटेशन

Deep Meditation का अर्थ है, गहराइयों में अपने ध्यान को केंद्रित करना। यानी कि जब आप Meditation कर रहे हो तो आप जागरूकता की ऐसी स्थिति में चले जाएं। जहां पर आपके मन के विचार ना पहुंच पाए। 

Deep Meditation के अंतर्गत व्यक्ति अपने दिमाग और मन में चल रहे हजारों विचारों को पीछे छोड़ देता है और अपने Subconscious Mind में चला जाता है।

  1. थर्ड आई मेडिटेशन

Third eye Meditation का अर्थ है कि अपने तीसरी आंख पर ध्यान केंद्रित करते हुए मेडिटेशन करना। यानी कि अपने मन को एकाग्र करने के लिए अपने दोनों भौहों (Eyebrow) के बीच में आपको अपना ध्यान केंद्रित करना है, जिसे थर्ड आई कहा जाता है।

  1. माइंडफूलनेस मेडिटेशन

Mindfulness Meditation के अंतर्गत हमें अपने श्वाशों और विचारों पर ध्यान केंद्रित करना होता है। यानी कि हमारे मन में जो भी विचार चल रहे हैं, उन्हें केवल देखना होता है ना ही उस पर React करना है और ना ही विचारों से प्रभावित होना है। इससे हमारा मन अधिक तेजी से एकाग्र होता है। 

  1. ओम शांति मेडिटेशन

ओम शांति Meditation का अर्थ है कि आप किसी एक point of light पर अपना ध्यान केंद्रित करें और अपने मस्तिष्क और मन के Stress को दूर करें। इसके अंतर्गत खासकर लोग लाल बत्ती जला कर Meditation करते हैं, जिससे उनके मन को ठंडक पहुंचती है। 

मंत्र मेडिटेशन

Mantra Meditation का अर्थ है कि जब भी हम ध्यान करने के लिए बैठे तो कुछ मंत्रों का उच्चारण करें। जैसे – ॐ मंत्र का उच्चारण करने से हम ध्यान में लीन हो जाते हैं और हमारा मन केवल ॐ के उच्चारण पर केंद्रित होता है। 

मेडिटेशन करने के फायदे (Meditation karane ke fayde)

Physiologist के अनुसार, Meditation के कई फायदे हैं जिन्हें पूरी तरह से नहीं बताया जा सकता। परंतु हम यहां आपको मेडिटेशन करने के कुछ फायदों के बारे में जानकारी दे रहे हैं। 

  • Meditation हमारे मेंटल और फिजिकल हेल्थ को स्वस्थ रखता है।
  • मेडिटेशन करने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि हम हमारे गुस्से पर काबू पा सकते हैं और मन में चल रहे विचारों पर भी काबू पा सकते हैं। 
  • Meditation करते हुए यदि हम इसी बात को अपने Subconscious Mind में डाल देते हैं, तो हमारा शरीर भी उसी प्रकार Act करने लगता है। कई लोगों ने मेडिटेशन करके अपनी बड़ी से बड़ी बीमारियां भी दूर की है। 
  • तनाव से मुक्त करने के लिए यह जरूरी है कि हम Meditation का अभ्यास रोजाना करें।
  • कोई भी व्यक्ति जिन्हें नींद ना आने की बीमारी है, वह Meditation से दूर की जा सकती है। 
  • इसके कारण हमारी चिंता, नींद संबंधी बीमारियां, दर्द की समस्या, ब्लड प्रेशर, इत्यादि सभी चीजें दूर हो सकती हैं। 

FAQ

प्रश्न – मेडिटेशन करने का सही तरीका क्या है?

उत्तर – मेडिटेशन करने का सही तरीका शांत वातावरण में बैठकर एक जगह ध्यान केंद्रित करके मन को एकाग्र और शांत करना है।

प्रश्न -मेडिटेशन करते समय क्या सोचना चाहिए?

उत्तर – मेडिटेशन करते वक्त कोशिश यही करें कि आपके दिमाग में कोई भी ख्याल ना आए। इससे छुटकारा पाने के लिए आप अपने श्वाशों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं।

प्रश्न – मेडिटेशन करने से पहले क्या करना चाहिए?

उत्तर – मेडिटेशन करने से पहले थोड़ी एक्सरसाइज कर ले और अच्छे वातावरण को चुनकर आराम दे मुद्रा में बैठ जाए।

प्रश्न – ध्यान करते समय आप सांस कैसे लेते हैं?

उत्तर – ध्यान करते समय गहरी सांस ली जाती है और छोड़ी जाती है। 

प्रश्न – ध्यान कितना मिनट करना चाहिए?

उत्तर – कोई भी व्यक्ति अपने हिसाब से ध्यान करने का समय चुन सकता है। 9 सीखिए लोग 5 मिनट से 10 मिनट का ध्यान कर सकते हैं और जिन्हें हमेशा ध्यान करने की आदत है वह दो से 3 घंटे का ध्यान भी रोजाना कर सकते हैं। 

निष्कर्ष

आज के इस लेख में हमने आपको बताया कि meditation kaise karte hai? उम्मीद है कि इस लेख के माध्यम से आपको Meditation से संबंधित अच्छी व रोचक जानकारियां मिल पाई होंगी। 

यदि आप इस लेख में दी गई जानकारियों से संबंधित कोई प्रश्न पूछना चाहते हैं तो आप हमसे कमेंट बॉक्स में पूछ सकते हैं। जानकारी अच्छी लगी हो तो कृपया इस लेख को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें।

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